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Wednesday, September 15, 2021
Wednesday, January 22, 2020
मानव मस्तिष्क की जानकारियां
मस्तिष्क मे 80% पानी होता है:-
मानव मस्तिष्क में 80% पानी होता है हमें लगता है कि मस्तिष्क के अपेक्षाकृत ठोस होता है किंतु ऐसा नहीं है मस्तिष्क में 80% पानी होता है
मस्तिक से दिन की अपेक्षा रात्रि को अधिक सक्रिय रहता है:-
क्योंकि दिन भर हमारा शरीर सक्रिय रहता है और रात को सो जाने पर वहां अपेक्षाकृत और क्रियाशील रहता है हम समझते हैं कि मस्तिक दिन में रात्रि की अपेक्षा अधिक सक्रिय होगा जबकि वास्तविक किया है कि मस्तिष्क दिन की अपेक्षा रात्रि को अधिक सक्रिय रहता है
मस्ती को कार्य करने के लिए मात्र 10 वाट विद्युत शक्ति की आवश्यकता होती है:-
जटिल से जटिल कार्य करने के लिए भी मस्तिष्क को अधिकतम 208वाट शक्ति की आवश्यकता होती है
अधिक IQ वाले व्यक्ति को सपने भी अधिक दिखाई देते हैं:
आपका i.q. जितना अधिक होगा अर्थात आप जितने अधिक कुशाग्र बुद्धि के स्वामी होंगे उतने ही अधिक आपको सपने दिखाई देंगे यह बात अलग है कि वह अपने आपको याद ना रहे
मस्तिक का आकार बदल ता जाता है:-
तरुण अवस्था में मनुष्य सर्वाधिक प्रसन्न कल का सीन और आकांक्षा युक्त होता है और यही वह अवस्था है जबकि उसके मस्तिष्क का आकार भी बदल जाता है यहां तक कि इस अवस्था में वहां जोखिम वाले कार्य करने पर भी उतारू रहता है
मानव मस्तिष्क में 80% पानी होता है हमें लगता है कि मस्तिष्क के अपेक्षाकृत ठोस होता है किंतु ऐसा नहीं है मस्तिष्क में 80% पानी होता है
मस्तिक से दिन की अपेक्षा रात्रि को अधिक सक्रिय रहता है:-
क्योंकि दिन भर हमारा शरीर सक्रिय रहता है और रात को सो जाने पर वहां अपेक्षाकृत और क्रियाशील रहता है हम समझते हैं कि मस्तिक दिन में रात्रि की अपेक्षा अधिक सक्रिय होगा जबकि वास्तविक किया है कि मस्तिष्क दिन की अपेक्षा रात्रि को अधिक सक्रिय रहता है
मस्ती को कार्य करने के लिए मात्र 10 वाट विद्युत शक्ति की आवश्यकता होती है:-
जटिल से जटिल कार्य करने के लिए भी मस्तिष्क को अधिकतम 208वाट शक्ति की आवश्यकता होती है
अधिक IQ वाले व्यक्ति को सपने भी अधिक दिखाई देते हैं:
आपका i.q. जितना अधिक होगा अर्थात आप जितने अधिक कुशाग्र बुद्धि के स्वामी होंगे उतने ही अधिक आपको सपने दिखाई देंगे यह बात अलग है कि वह अपने आपको याद ना रहे
मस्तिक का आकार बदल ता जाता है:-
तरुण अवस्था में मनुष्य सर्वाधिक प्रसन्न कल का सीन और आकांक्षा युक्त होता है और यही वह अवस्था है जबकि उसके मस्तिष्क का आकार भी बदल जाता है यहां तक कि इस अवस्था में वहां जोखिम वाले कार्य करने पर भी उतारू रहता है
Friday, December 6, 2019
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